पिता-श्री धर्मवीर चौहान
माता-श्रीमती अंगूरी देवी
पत्नी-मीनाक्षी
पुत्री-मानवी
जन्मतिथि-०७ जुलाई,१९८१
शिक्षा-एमएससी गणित, बी एड,पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन जनर्लिज्म एवं मास कम्युनिकेशन
व्यवसाय – विद्यालय शिक्षा विभाग में विज्ञान अध्यापक
रूचि-पठन-पाठन,लेखन अभ्यास,
विशेष:लघुकथा,आलेख,छ्न्द,गजल आदि में लेखन अभ्यास,अनेक पत्र-पत्रिकाओं में रचनाएँ प्रकाशित,लघुकथा साँझा संग्रह”अपने-अपने क्षितिज” प्रकाशित,दो साँझा लघुकथा संग्रह प्रकाशनाधीन,एक बालकविता साँझा संग्रह प्रकाशनाधीन।
पता:ग्राम व डाक बाल राजपूतान,जिला करनाल,हरियाणा

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छू लेंगी आकाश,यही संकल्प हमारा।

गीत(रोला छ्न्द) ------- बहुत लिया है काट,घुटन में जीवन सारा छू लेंगी आकाश,यही संकल्प हमारा। मानस रूपी बीज,धरा जो भी पाता है ... Read more

जो छुपी थी बात उसका अब असर होने को है(तरही गजल)

जो छुपी थी बात उसका अब असर होने को है आज उसका ही तो चर्चा दर ब दर होने को है। देख लेंगे जो भी होगा हाल इसके बाद में जिंदगी का ज... Read more