rajesh Purohit

Joined October 2017

अखिल भारतीय कवि सम्मेलनों में काव्यपाठ करना ,मंच संचालन करना .।गद्य व पद्य की दोनों विधाओं में लेखन।
राष्ट्रीय स्तर की पत्र पत्रिकाओं में सतत लेखन। आशीर्वाद ,अभिलाषा,काव्यधारा प्रकाशित।

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कविता

वनवास पूर्ण हुआ राम अवध आये अमावस की रात उजियाला हुआ राम लौट आये घर रोशन हुए कतारें दियों की सजी धजी है हर और उमंग नव उल्ला... Read more

गीत

ज्योतिपर्व मनाओ ज्योति पर्व मनाओ। दीन दुखी हर मानव को गले लगाओ।। सद्भावना और भाईचारे का दीप जलाओ। आस्था और विश्वास से लक्ष्मी क... Read more