rekha mohan

Joined January 2017

Copy link to share

गीत -होली

आओ मिलके बनाये सब संगी टोली रंगों की फुहार है होली जीवन भर खुशियों के रंग घने हो गीतों की झंकार है होली. पीड़ा अन्तर्मन की छोड़ो, ... Read more

“मौज-मस्ती ले उड़ा गुलाल”

होली के उपलक्ष्य लघुकथा –“मौज-मस्ती ले उड़ा गुलाल” चारों तरफ सड़कों पर लड़कों की कई टोलियां ढोलक बजा गा रही ..” मौज-मस्ती ले उड़ा ग... Read more

गज़ल

गज़ल -1222---1222---1222---1222 करे हम याद ईश्वर को वही किस्मत सुधारा है ख़फ़ा होना नहीं हम से मिरा तू ही सहारा है| तलातुम है घिर... Read more

लघु कहानी -नतीजा

लघु कहानी -नतीजा एक आठ साल की बच्ची पलक के पापा ने ज़लती प्रेस लगा कपड़े को इस्तरी करने लगे ,तभी मोबाईल की घंटी वज़ी | नंबर देखा बात ... Read more

गज़ल

गज़ल का –आर रदीफ –का 2122 2122 212 दाग लग जाएँ जो अगर इकरार को ध्यान रक्खो दामने किरदार का | तोहफा पाये कही तकरार का होश आ... Read more

जीजा-साली [कहानी ]

जीजा-साली ( नीना अपनी पति की आशिक मजाजी से बहुत परेशान थी. परिवार को मिलने आई साली पर नजर थी जो ल .ल.एम् में दाखिला लेने आई थी ,उनक... Read more

गीतिका

गीतिका 2122 2122 2122 212 ऋतु वसंत आई लगी कुदरत खिजाना आ गया फूल सब खिल –मिल... Read more

प्रभु भक्ति

प्रभु भक्ति प्रभु भक्ति में मन कब रमता है जीवन तो ये सोचो में चलता है| धन कमाने के भी ढंग करता हैं , कुछ समय प्रभ... Read more

बेटियाँ पीहर से प्यार मांगती[कविता ]

बेटियाँ पीहर से प्यार मांगती, अपनापन भरा इकरार नापती। बेटी समपर्ण से धन घटता नही , बड़प्पन सजी सौगात ताकती है| बेटियाँ पीहर आती ज़... Read more