RAMESH SHARMA

मुंबई

Joined June 2016

दोहे की दो पंक्तियाँ, करती प्रखर प्रहार !
फीकी जिसके सामने, तलवारों की धार! !
रमेश शर्मा

Books:
दोहा दर्पण -साझा संकलन
दोहा संगम -साझा संकलन
दोहा प्रसंग -साझा संकलन
प्रकाशन: रचनाएँ विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित

Copy link to share

हई टहनियाँ सूख

संबंधों के मर्म को ,........समझा है बस ऱूख ! हुआ जख्म जड़ को जहाँ ,गई टहनियाँ सूख !! देख नजारा बाढ का,यही निकाला सार ! होगा जल ... Read more

लाख दीदिए तर्क

कितना भी चिल्लाईये, लाख दीजिए तर्क! सच्चाई पर झूठ का,.....नही पडेगा फर्क! ! प्रभुता मेरे देश की,.......उन्हें न आई रास ! जयचंदो... Read more

पड़ने लगा अकाल

गल जाती है झूठ की, अब तो पल में दाल । सच्चाई का इस कदर, पड़ने लगा अकाल ।। बाबुल का ये कर्म ही करता उसे महान । बेटी का निज हाथ स... Read more

हद से अधिक लगाव

देगा निश्चित आपको, . ..वही एक दिन घाव ! रखा किसी पर आपने,हद से अधिक लगाव !! राहों में अपनी स्वयं ,...बिछा रहें वे खार ! सही बा... Read more

ऱखा नही उपनाम

सही गलत का शर्तिया, उसे न होगा ख्याल ! राजनीति का आँख पर, ले जो चश्मा डाल !! जिसके जो दिल ने कहा,रखा वही उपनाम ! राजनीति ने देश... Read more

बेटी के दो पाँव

ठंडी भी गर्मी लगे .....गर्मी मे हो छाँव ! आँगन मे जब भी पड़ें,बेटी के दो पाँव !! गलती को अपनी स्वयं,किया अगर स्वीकार ! इसे जीत... Read more

माली का क्या दोष है

माली का क्या दोष है, एक बार तो सोच ! हमने ही यदि हाथ से, दिया बगीचा नोच !! जिनकी अपनी ही रही,सदा दोगली राह ! वे भी देने लग गये,... Read more

उसे हवस ही मानिए

उसे हवस ही मानिए, ...या जिस्मानी प्यास ! पाकीज़ा से प्यार का .हुआ न यदिअहसास !! चढे न ड्योढी खेत की , बोया कभी न धान ! लो वे भी ... Read more

पावक छंद

छंद विशेष =दशाक्षरवृत्ति पावक छंद 211 222 --------------------------- सावन आया मेघा गरजे ,यौवन नारी का भी लरजे ! मोहन राधा नाचें... Read more

दोनों मिलकर रो पड़े

दोनो मिलकर रो पड़े,वहाँ पकड़ कर हाथ ! जहाँ मिली इंसानियत, मज़हब आये साथ !! गलती को अपनी स्वयं,किया अगर स्वीकार ! इसे जीत ही मान... Read more

हिंदी का उद्धार

कुर्सी की खातिर बढ़ा,क्षेत्रवाद से प्यार ! इसीलिए होता नहीं, हिन्दी का उद्धार !! कैसे अपने ही करें, .......देखो बंटाधार ! हिन्द... Read more

मदिरा भरे गिलास

ढलते ही हर शाम के, हो जाती है आस ! आएगी लेकर निशा, मदिरा भरे गिलास !! पी कर बैरी भी मुझे,....हो जाते है खास! मदिरालय के कह रहे... Read more

इतना तो विश्वास

करना होगा जिंदगी,......इतना तो विश्वास ! आऊँगा मै लौट कर,फिर से बदल लिबास !! आँसू जल की जब कभी,..रोकी मैने धार ! सीली-सीली हो ... Read more

दिया अँगूठा काट

दिया अंगूठा द्रोण को, ....एकलव्य ने काट ! रहे न ऐसे शिष्य अब, जिनका ह्रदय विराट!! बने न सब्जी स्वार्थ की,कभी जायकेदार ! चाहे जि... Read more

सारवती छंद

शारद मातु दया करिए ,..शीषहुँ धूलि पगा धरिए ! बुद्धि सुबुद्धि मती करिए,छंद कवित्त कमी हरिए !! लेखनि मातु विराज सदा,अक्षर भाव भरो ... Read more

कभी शाख से भूल

तोड़े जो दिल आपका, कर न सकूँ वह भूल ! मैंने तो तोड़ा नहीं, .......कभी शाख से फूल !! कैसे होती और की ,..........मित्र मुझे दरकार ! ... Read more

हुआ न दूजा दान

माफी देने से बड़ा,...हुआ न दूजा दान ! होते हैं इस मार्ग से, पार कई व्यवधान !! देखूँ रोजाना सुबह, उनका ही मै ख्वाब ! केसे कह दू... Read more

मानव करो विचार

आईना भी आजकल, रहा मुझे यूँ आँक ! सूरत गायब ही रहे, ...सीरत लेता झाँक !! धुल जाते हैं सर्फ से,......कपडे़ धब्बेदार ! दिल के धब... Read more

बेटी के दो पाँव

लहरें उठें दुलार की, सजे ह्रदय का गाँव ! आँगन में जब भी पड़ें, बेटी के दो पाँव !! हो जाता है हाथ का,व्यंजन भी बेस्वाद ! बेटी की... Read more

कैसे हो पहचान

जिसका हो आधार ही,नफा और नुकसान ! सही गलत की सोच फिर,कैसे हो पहचान !! नफा और नुकसान ही, बन जाए जब माप ! सही गलत काे क्या कभी, प... Read more

शीशे मे इक बार

यूँ ही तो मरता नहीं, यह जग तुम पर यार ! कभी सँवर कर देखना, .शीशे में इक बार !! आईने की है यही, हसरत बारम्बार ! करे बिठाकर साम... Read more

बरगद पीपल आम

बँटवारे का हो गया, .उनको जब आभास ! बरगद पीपल आम सब, रहने लगे उदास !! बँटवारे के देख लो, ....कैसे अजब निशान ! आँगन घर का हो गया... Read more

घेरा उनकी याद का

घेरा उनकी याद का,......इतना हुआ अपार ! आया दिल मे और का,हरगिज नही विचार !! इच्छाओं को कर दिया,अगर जरा सा पस्त ! हो जाएगी जिंदगी... Read more

पशुओं से खिलवाड़

सबसे पहले कीजिये, नफरत को कुर्बान ! कुर्बानी होगी सफल, .तब जाकर इंसान !! परम्परा के नाम पर,पशुओं से खिलवाड़ ! कहीं लड़ाई बैल की... Read more

अँधा बाँटे रेवड़ी

वही पुरानी बोतलें, .. वही पुराना जाम ! वही नशा सौ फीसदी, बदला केवल नाम !! अँधा बाँटे रेवड़ी ,.....रही कहावत याद ! अपने अपने ... Read more

कागज भी गद्दार

कागज़ पर लिखना नहीं, राज एक भी यार ! कब हो जाए क्या पता, कागज़ भी गद्दार !! हुए न जब उद्देश्य मे,....कामयाब गद्दार ! अफवाहों क... Read more

बढ जाते हैं और

घटतीं तो बिल्कुल नहीं, बढ जाती हैं और ! सूची पर उम्मीद की ,....जब करता हूँ गौर !! सरिता पानी के बिना,.पिया बिना शृंगार ! बिन... Read more

भद्रिका छंद

प्राणनाथ सुन लीजिए, हो उदार वर दीजिए ! एक रोज इतवार का,संग साथ परिवार का !! नाथ भक्त तुम में रमा, ......भूल चूक पर दो क्षमा ! ज... Read more

सहिष्णुता की नाव..

आते है इस देश में, ..जब भी पास चुनाव ! खाती हिचकोले सदा,सहिष्णुता की नाव!! हुई कागजी योजना, कहाँ कभी साकार! हुआ नही धनहीन का,.... Read more

तेरी खातिर मौत से...

तेरी खातिर मौत से,.....करलूँ दो-दो हाथ ! रह न सकूँगा मैं प्रिये, छूट गया यदि साथ !! बदला मौसम ने स्वंय , ज्यों ही सहज मिजाज! अ... Read more

दो पहलू जीवन के

लिखा नही था भाग्य मे,होना जिनसे प्यार ! उनसे हुई कमाल की,. सदा मुहब्बत यार !! सपनें में भी था नही ,मुझको जरा गुमान ! ये कमाल त... Read more

फेरे ले कर सात

हुए वर्ष बत्तीस पर,लगती कल की बात I लाया था अनजान को, .लेकर फेरे सात II प्रिय: वर्ष बत्तीस वे,.......पूर्ण हुए हैं आज I वैवाहि... Read more

प्रमाणिका छंद

समीप प्राण नाथ थे! हसीन स्वप्न साथ थे ! निगाह बोल सैन से ! ..डिगे न नैन नैन से !! सुनी दहाड दामिनी ! ....लगी महा डरावनी ! समा ग... Read more

प्रमाणिका छंद

न पाप का निशां रहे ! न बेबसी जहां रहे ! चलो सभी चलें वहाँ !न भेद भाव हो जहाँ !! उचार मंत्र वेद हों ! कहीँ कमी न खेद हो ! न... Read more

काले काले बादल आये..(बाल गीत)

काले-काले बादल आये. साथ साथ में बारिश लाये.... उमड़ -घुमड़ कर आये बादल । अम्मा से लगवा कर काजल।। बैठ हवा के उडन खटोले ... Read more

पितृ दिवस पर

बिगड़ गया तो क्या हुआ, . तेरा ही है खून ! अँगुली ने कब जानकर,. दूर किया नाखून !! अच्छे अच्छे खा गये, आगे जिनके मात ! लेकिन अपने ... Read more

बच्ची से व्यभिचार

तार तार इज्जत हुई,आज पुन: इक बार ! क्रूर दरिंदो ने किया,,बच्ची से व्यभिचार !! क्रूर दरिंदो ने किया, फिर जघन्यतम काज ! इसका होना... Read more

पनिहारिन की जात

होगी क्या इससे अधिक, हैरानी की बात ! पानी पीकर पूछता ,पनिहारिन की जात !! भावी पीढ़ी मांग ले, कल को अगर जवाब ! पानी की हर बूँद क... Read more

सूरज को इल्जाम

पेड़ लगाने का कभी ,किया नही शुभ काम ! वे भी अब देने लगे,.....,सूरज को इल्जाम !! काटे जंगल अनगिनत,हुआ नही तब भान ! गर्मी से अब क... Read more

नीर सकोरा एक

गर्मी की ऋतु मे सभी ,करें काम ये नेक ! छज्जे पर अपने रखें , .नीर सकोरा एक !! जीव जन्तुओं का नही,हो जाए अवसान ! इस पर देना चाहि... Read more

बेटा श्रवण कुमार

चरणो सा माँ बाप के, कोई नही मुकाम ! फीके जिनके सामने,.. सारे तीरथ धाम !! सेवा मे माँ बाप की , मिले अलौकिक प्यार ! बड़ा उदाहरण... Read more

मदलेखा छंद

राधा के गिरधारी,मीरा के बनवारी ! मेरी भी सुध लेना,पीड़ाएं हर लेना ! मैं भी राह निहारूँ ,ले ले नाम पुकारूँ ! आओ मोहन आओ,नैया पार... Read more

मदलेखा छंद

देखो सावन आया, प्रेमी के मन भाया ! बंशी कृष्ण बजाओ, कोई राग सुनाओ ! वादा भूल न जाना, सैंया जी घर आना ! रो-रो रात बिताऊँ, पीड़ा प... Read more

सुविधा के अनुसार

बदला खुद को वक्त पर,सुविधा के अनुसार! उसने दरिया कर लिया,. जीवन का हर पार! ! नामदार हो देश का,...... या हो चौकीदार! बदल रहा हर... Read more

होता रहे निवेश

होते नही समक्ष पर,रखें परस्पर ध्यान ! लगते है अच्छे मुझे, मित्र वही श्रीमान ! ! दिल में जिसके पाप का ,होता रहे निवेश ! कैसे जा... Read more

फिर देखें परिणाम

संयम समझ विवेक से, करें हमेशा काम ! होंगे निश्चित ही सुखद ,फिर देखें परिणाम !! सच्चे मन से जप लिया , ईश्वर का यदि नाम ! जी... Read more

रिश्तों के आयाम

रिश्तों की इस दौर मे,..यही एक पहचान ! हो बस केवल फायदा, ज़रा न हो नुक्सान !! हर साजिश की पीठ पर,अपने खड़े तमाम ! कैसे होंगे सोच फ... Read more

जिस दिन बहनें बेटियाँ, होंगी नहीं उदास

उस दिन कह दूंगा हुआ, सचमुच बहुत विकास ! जिस दिन बहनें बेटियाँ, .......होंगी नहीं उदास !! बहू बेटियों का अगर, किया नहीं सम्मान !... Read more

बेचे खड़ा भविष्य यूँ,बीच सड़क पर फूल

लिए उदासी आँख मे, चढ़ी शकल पर धूल ! बेचे खड़ा भविष्य यूँ,बीच सड़क पर फूल ! ! ------------------------------------------------ बेच ... Read more

भारत की पतवार

कैसे उनको सौप दें, भारत की पतवार ! खडें हुए हैं साथ जब, सारे ही मक्कार ! सारे ही मक्कार, हाथ में हाथ पकड़ कर ! घोटालों के दाग, लग... Read more