एक हिन्दी कवि एवं लेखक जो कविता, गीत, गजल, मुक्तक, दोहा, छंद रचनाकार श्रंगार रस एवं युगधर्म प्रधान कवि | हिन्दी साहित्य विद्यार्थी|

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न जाने कब तेरे...

न जाने कब तेरे जलवों में रवानी आयी, न जाने कब तेरी सैलाब पर जवानी आयी, हमें तो होश ही कब था तेरे होंठों से पीने का बाद, न जाने ... Read more