हाइकुकार :
♢ प्रदीप कुमार दाश “दीपक”
♢ सम्प्रति : हिन्दी व्याख्याता
13 कृतियाँ : — मइनसे के पीरा, हाइकु चतुष्क, संवेदनाओं के पदचिह्न, रुढ़ियों का आकाश, हाइकु वाटिका, हाइकु सप्तक, हाइकु मञ्जूषा, झाँकता चाँद, प्रकृति की गोद में, ताँका की महक, कस्तूरी की तलाश, छत्तीसगढ़ की हाइकु साधना, वंदेमातरम् ।

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दीप कहानी

हाइकु ~●~ 01} दीप कहानी अंधेरे से दुश्मनी बड़ी पुरानी । ~~●~~ 02} नवल भोर पंछियाँ सुना रहे गीत विभोर । ~~●~~ 03}... Read more

हिन्दी हाइकुओं का पंजाबी अनुवाद

हिन्दी हाइकु एवं पंजाबी अनुवाद ✍🅿प्रदीप कुमार दाश "दीपक" हिन्दी हाइकु ---------------- 01. संसार मौन गूंगे का व्याकरण ... Read more

हाइकु

हाइकु ------- रहा जुनून प्रभु से मिल कर मिला शुकून चाँद चमका रजनी का चेहरा निखर उठा कुसुम खिला माटी और नभ का प्रणय ... Read more

सेदोका

दो सेदोका ----00---- कंटक पथ सफर पथरीला साथी संग जीवन कर लो साझा होगा लक्ष्य आसान मिलेगी सफलता । मरु प्रदेश मेघों क... Read more

जापानी छंद : कतौता

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" Katauta : कतौता 01. धरा की थाती निर्मल प्राण वायु यही दीप की बाती । ------0----- 02. देहरी दीप ... Read more

ताँका की महक (ताँका संकलन की समीक्षा )

"तांका की महक”(प्रदीप कुमार दाश ‘दीपक’) "तांका की महक” (तांका संकलन) / सम्पादक, प्रदीप कुमार दाश ‘दीपक’ / अयन प्रकाशन, नई दिल्ली ... Read more

सैनिक की इच्छा

सैनिक की इच्छा -------------------- फर्ज मिट्टी का सकूँ निभा कोई तरकीब बता देना ; चुका जो गर न सका अहसान भले कर्जदार लिख दे... Read more

चंद हाइकु

हाइकु भूखी व प्यासी आँगन में उदास गोरैया रूठी । मृदुल मना नारी है सर्वोत्तम श्रेष्ठ रचना । नहीं कुलटा नारी है मंदाकिन... Read more

हाइकु

गुलमोहर सम्मुख बेअसर ताप प्रखर । माटी की बात खोलने लगी माटी अंतः जज्बात । माँ की ममता प्रेम घट छलका जग महका । चिड़ि... Read more

कस्तूरी की तलाश (विश्व के प्रथम रेंगा संग्रह की समीक्षा)

कस्तूरी की तलाश (विश्व का प्रथम रेंगा संग्रह) संपादक : प्रदीप कुमार दाश "दीपक" प्रकाशक : अयन प्रकाशन दिल्ली                        ... Read more

हाइकु मुक्तक

~ हाइकु मुक्तक ~ जग कल्याण / प्रभु अवतरित / आप श्रीराम । स्तब्ध चेतना / देख यह आपका / न्याय प्रमाण । वियोग कष्ट / झेलती रही ना... Read more

कस्तूरी की तलाश (विश्व का प्रथम रेंगा संग्रह)

समीक्षित पुस्तक – “कस्तूरी की तलाश” (श्रृंखलित पद्य) सम्पादक, प्रदीप कुमार दाश ‘दीपक’ अयन प्रकाशन, नई दिल्ली, प्रकाशन वर्ष - 2017, प... Read more

मधु कृति (हाइकु संग्रह समीक्षा)

मधु कृति (हाइकु संग्रह) हाइकु कवयित्री - श्रीमती मधु सिंघी प्रकाशक : सृजन बिंब प्रकाशन प्रका... Read more

कस्तूरी की तलाश (पाँच रेंगा)

__________________________________ कस्तूरी की तलाश ( विश्व का प्रथम रेंगा संग्रह ) अयन प्रकाशन दिल्ली संपादक : प्रदीप कुमार द... Read more

बाशो का प्रसिद्ध हाइकु

प्रसिद्ध जापानी हाइकुकार बाशो जी का प्रसिद्ध हाइकु : [ जापानी, हिन्दी, ओड़िया एवं अंग्रेजी आस्वादन ] The best-known Japanese ha... Read more

हाइकु

✍??प्रदीप कुमार दाश "दीपक"   हाइकु प्रीत की डोरी मजबूत रखना उर जोड़ती ।    ●● मन का मृग ईश्वर की तलाश कस्तूरी चाँद ।    ... Read more

बेटी : हाइकु

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" हाइकु : बेटी 01. कैसे उड़ेगी पंखहीन चिड़िया ओ री ! बिटिया । 00 02. उड़ी चिड़िया ले माँ ... Read more

मन : हाइकु

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" मन : हाइकु 01. महका मन हाइकु की सुगंध बाँचे पवन । 02. मन फकीर चित्रोत्पला के तीर रे ! क्यों अधी... Read more

हिन्दी दिवस विशेष हाइकु

हाइकु : प्रदीप कुमार दाश "दीपक" हिन्दी दिवस विशेष      _________ 01. प्यारी व न्यारी हिन्दी भाषा हिन्द की लिपि नागरी । 0... Read more

दीपक राग

"दीपक" 01. आरती थाल जीवन चक्र राग दीप आलाप 02. रे ! लौ संताप सृजन का आलाप दीपक राग । 03. जलता दिया बुलंद हैं हौंसले त... Read more

हाइकु मंजूषा

हाइकु मंजूषा में रचनाकारों को प्रकाशित करने का उद्यम -------------------------------------------------------------------- समकालीन ... Read more

माँ ( हाइकु )

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ---------------------------------- हाइकु 01. माँ का आँचल छँट जाते दुःख के घने बादल । --... Read more

मइनसे के पीरा [छत्तीसगढ़ी हाइकु संग्रह की समीक्षा]

छत्तीसगढ़ी हाइकु संग्रह : मइनसे के पीरा : प्रदीप कुमार दाश "दीपक" छत्तीसगढ़ी का प्रथम हाइकु संग्रह : प्रकाशक - छ. लेखक संघ सरिया M... Read more

झाँकता चाँद की समीक्षा

झांकता चाँद : (साझा हाइकु संग्रह) प्रकाशन वर्ष - जनवरी 2017 संपादक :प्रदीप कुमार दाश "दीपक" झाँकता चाँद-एक प्रतिबिम्ब सुनहरे कल... Read more

दस हाइकु

हाइकु      -प्रदीप कुमार दाश "दीपक" 01. सत्य है जहाँ      प्रभु रहते वहाँ        ढूँढता कहाँ ? 02. छोटा दीपक     तिमिर ह... Read more

रुढ़ियों का आकाश [सेन्रियू संग्रह की समीक्षा]

"रुढ़ियों का आकाश" प्रदीप जी द्वारा रचित हिन्दी का प्रथम सेनरियू संग्रह                  सेनरियूकार : प्रदीप कुमार दाश "दीपक"     ... Read more

हाइकु वाटिका की समीक्षा

हाइकु वाटिका [साझा हाइकु संग्रह] संपादक - प्रदीप कुमार दाश "दीपक" प्रकाशक :    माण्डवी प्रकाशन, गाजियावाद (उ.प्र.) प्रकाशन वर्ष : ... Read more

हाइकु सप्तक की समीक्षा

हाइकु सप्तक : संपादक - प्रदीप कुमार दाश "दीपक" [ हिन्दी के सर्वश्रेष्ठ सात हाइकुकारों का परिचय, हाइकु एवं उनके हाइकु संबंधी विचार ]... Read more

नक्षत्रों पर हाइकु

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" -------------------------------- 28 नक्षत्रों पर हाइकु ☆☆☆☆☆☆ 01. सूर्य की पत्नी साहस व शौर्य की... Read more

क्षणिकाएँ

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" दस क्षणिकाएँ : --------- 01. स्वप्न -------------- क्षितिज ....... छूना आसान छू लूँ .... व्यर्थ... Read more

चार चोका

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" --------------------- चार चोका ¤¤¤¤¤¤¤ 01. पूर्वा की गोद खेले शिशु सूरज भव्य ये दृश्य खिल उठी री धूप... Read more

हाइकु : गर्मी/ग्रीष्म/लू/धूप/तपन/घाम

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ------------------ गर्मी/ग्रीष्म कालीन हाइकु 01. करारी धूप कड़कने लगी है री! गर्मी आई । ☆☆☆ 02. धूप ... Read more

हाइकु : नदी

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ------------------ हाइकु : नदी 01. नदी बहती छलछल करती गीत सुनाती । ☆☆☆ 02. नदी जो सूखी घोर अवसाद मे... Read more

हाइबन

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" _______________________ हाइबन बड़े भैया और मैं दोनों तीस वर्ष लंबे अंतराल के बाद घुमन... Read more

स्पर्श/संस्पर्श

स्पर्श/संस्पर्श 01. तेरी छुवन मन बगर गया मानो बसंत । ☆☆☆ 02.हवा बहकी सुमनों को छू कर महका गयी । ☆☆☆ 03.मोम का तन बत्ती क... Read more

बोलती आँखें

बोलती आँखें 01. आँखों में पानी कह गई कहानी दिल की मानी । 02. आँखें पनीली सहेज रखी मोती स्मृतियाँ ताजी । 03. चाँद सौगात चे... Read more

हाइकु बसंत

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" हाइकु : बसंत ---------- 01. बसंत आया हल्की सी सिहरन आम बौराया । ☆☆☆ 02. फूले पलाश बास... Read more

हाइकु

हा. गणतंत्र रोता रहा है गण हँसता तंत्र । बने जालिम भाइयों को लड़ाने राम रहीम । मृग भटके तलाश कस्तूरी की पास उसी के । घ... Read more

हाइकु : ओस प्रसंग

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ~•~•~•~•~•~•~•~•~ हाइकु : ओस प्रसंग 01. भोर का बिम्ब पंखुड़ी बन गई ओस प्रसंग । ---0--- 02. कविता प... Read more

तीन तांका

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ~~~~~~~~~~~~~~~~~ तांका 01. शरद रात मध्य रात्रि का चाँद हो पुलकित दे गया पूनो को वो पियूष की सौगात ।... Read more

माँ

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ------------------ माँ 01. माँ का आँचल छँट जाते दुःख के घने बादल । --0-- 02. खुशियाँ लाती तुलसी चौ... Read more

दो सेदोका

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ----------------- दो सेदोका 01. दीपक जला रोशन कर चला वह जग समूचा राह दिखाता थकी, हारी व झुकी निविड़ ... Read more

चार सेदोका

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" ----------------- चार सेदोका 01. ईश की धुन जीवन एक थाप मन रागिनी सुन पाखी की भाँति तृण-तृण को चुन ग... Read more

बेटियाँ

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" बेटियाँ ----------- बेटियाँ बाती स्वयं को वे जलातीं उजास लातीं महकातीं आँगन घर खुशियाँ लातीं न... Read more

हाइकु : बेटी

प्रदीप कुमार दाश "दीपक" बेटी 01. नन्हीं सी कली फूल बन बिटिया महका चली । 00 02. कोख से बची दहेज से बचेगी गर पढ़... Read more