Dev Anand

Joined November 2018

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ममता

बहोत सुहाना ज़िन्दगी का सफर होता है माँ का आँचल सर पे हो तो असर होता है। कट जाती हैं बलाएँ, उसके परछाईं के छुवन से मां के गोद मे... Read more

दास्तान ए जंगल

तरसते रहे सवारी को,पर घुड़सवार कहाते हैं। हम जंगली हैं भैया तभी तो गंवार कहलाते हैं। बुलंदिया छूने के लिये ,हमारा आसरा छीन लिए। ... Read more

याद

खुली सी छत को देख कर सोचा किया तुझे, भीगी सी लट को देख कर सोचा किया तुझे। जिस वक्त चाँद तारे ,आसमां भी सो गए, उस वक़्त तन्हा बैठ... Read more