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कविता- बच्चो, सच में तुम ही हो देश के कर्णधार

👍👍👍👍👍👍👍👍👍👍👍👍 बच्चो !👦 सच में तुम ही हो देश के कर्णधार … तुमसे ही तो हैं उम्मीदें बेशुमार ,फैला है हर तरफ लूट-खसोट व भ्रष्टाचार, जा... Read more

दोहे- रोम रोम झंकृत हुआ

रोम रोम झंकृत हुआ, लेकर माँ का नाम। बिन मां क्या संसार में, मां ही मेरा राम।। कोटि कोटि वंदन करूं, और ... Read more