महावीर उत्तरांचली

नैनीडांडा (पौड़ी गढ़वाल) व दिल्ली

Joined January 2017

एक अदना-सा अदबी ख़िदमतगार
Books:
इक्यावन रोमांटिक ग़ज़लें (ग़ज़ल संग्रह); इक्यावन उत्कृष्ट ग़ज़लें (ग़ज़ल संग्रह); प्रतिनिधि रचनाएँ (विविध पद्य रचनाओं का संग्रह); रामभक्त शिव (संक्षिप्त जीवनी व दोहे); लोकप्रिय कहानियाँ (कथा संग्रह); महावीर कविराय (कुण्डलिया संग्रह)
Awards:
अनेक संस्थाओं द्वारा सम्मानित
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श्री महावीर हनुमत चालीसा

दोहे : हे हनुमत, हे विश्व गुरु, प्रभु भक्त महावीर उत्तम फल वाको मिले, जो सुमिरे रघुवीर //1.// बिसरायें दुष्कर्म को, हम तुच्छ ब... Read more

हिरनी जैसा तेरा जादू

हिरनी जैसा तेरा जादू वन-वन महकी तेरी खुशबू // मतला // मुझको तो कुछ भी होश नहीं रक्खूँ कैसे खुद पे काबू // 1. // मन जो बहका,... Read more

रेशा-रेशा जैसे बिखरा

रेशा-रेशा, जैसे बिखरा दिल का चमन भी ऐसे उजड़ा ग़ैरों से शिकवा कुछ भी नहीं बाग़ मिरा अपनों ने लूटा प्रेम गुनाह है यार अगर तो ... Read more

अब राम का दर्शन दूर नहीं......

इस भजन का वीडियो लिंक भी उपलब्ध है कृपया मेरे व्हाटसएप्प 8178871097 या जीमेल: m.uttranchali@gmail.com से मंगवायें। जन मानस के मन ... Read more

ज़िन्दगी ख़ामोश ही कटने लगी

ज़िन्दगी ख़ामोश ही कटने लगी हर ख़ुशी ग़म की तरह लगने लगी काट डालेगी मुझे अब देखना ये हवा तलवार-सी चलने लगी नातवानी इस कदर छा... Read more

अजब मसअ'ला, ख़्वाब में पेश आया

अजब मसअ'ला, ख़्वाब में पेश आया बना के गदागर* का, मैं वेश आया जगह दो उसे दिल के, कोने में यारो! कोई राह भूला, जो परदेश आया ... Read more

अपनी क़िस्मत बुलन्द करते हैं

अपनी क़िस्मत बुलन्द करते हैं हम तुम्हें ही पसन्द करते हैं दीख जाते हैं ख़्वाब कितने ही हम पलक जब भी बन्द करते हैं कोई मतलब... Read more

रूठ जाने से फ़ायदा क्या था

रूठ जाने से फ़ायदा क्या था और मनाने का क़ायदा क्या था उम्र कमसिन थी और, वो ज़िद भी कुल जमा हद से ज़ायदा क्या था दिल में तस... Read more

मुस्कुराने से फ़ायदा क्या है

मुस्कुराने से फ़ायदा क्या है दर्द पाने से फ़ायदा क्या है दुःख ही पाए हैं इश्क़ में यारो! दिल लगाने से फ़ायदा क्या है टूटने का... Read more

आ रही है शा'इरी, मेरी ज़ुबाँ पे बारहा

आ रही है शा'इरी, मेरी ज़ुबाँ पे बारहा देखना ये बात जाएगी कहाँ पे बारहा थे पुराने जन्म-जन्मों के कोई ये सिलसिले क़हर ये टूटे हैं ... Read more

चढ़ा हूँ मैं गुमनाम उन सीढ़ियों तक

चढ़ा हूँ मैं गुमनाम, उन सीढ़ियों तक मिरा ज़िक्र होगा, कई पीढ़ियों तक ये दिलफेंक क़िस्से, मिरी दास्ताँ को नए रंग देंगे, कई पीढ़ियों ... Read more

वार तुमने ग़ैर से मिलकर किया

वार तुमने ग़ैर से मिलकर किया हाय! मेरे साथ क्यों अक्सर किया ज़िन्दगी थी तू मिरी जाने-वफ़ा दिल ने क्यों मातम तिरा अक्सर किया ... Read more

इक्यावन उत्कृष्ट ग़ज़लें

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इक्यावन रोमांटिक ग़ज़लें

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आपकी महफ़िल में बैठा हूँ मैं

आपकी महफ़िल में बैठा हूँ मैं कौन कहता है कि तन्हा हूँ मैं किसलिए ये दूरियाँ हैं बीच में बेवफ़ा क्या तुमको दिखता हूँ मैं ज़ख़... Read more

बुना है ख़्वाब स्वेटर-सा

बुना है ख़्वाब स्वेटर-सा, पहन लो इसको तुम दिलबर जचेगा खूब ये तुम पर, दुआएँ देंगे जी भरकर तमन्नाओं की हसरत की, अलग दुनिया बसायें... Read more

घड़ीभर पास मेरे आ, मुस्कुरा

घड़ीभर पास मेरे आ, मुस्कुरा नज़र से दूर अब ना जा, मुस्कुरा बता दे आज दिल में क्या है तेरे करूँगा मैं उसे पूरा, मुस्कुरा निग... Read more

तुझपे आया दिल मिरा बे-सबब नहीं

मुस्कुरा दे और कुछ मतलब नहीं तुझपे आया दिल मिरा बे-सबब नहीं कह रही ऑंखें जो लब से बोल दो है नज़र ख़ामोश लेकिन लब नहीं कर न ... Read more

यूँ न देखो मुझे खुदारा तुम

यूँ न देखो मुझे खुदारा तुम मेरी आँखों का हो सितारा तुम पास आओ ज़रा कि दिल बहले दूर से करते हो नज़ारा तुम और कुछ देर तक करो... Read more

हिज़्र में जीना सज़ा है

हिज़्र में जीना सज़ा है चाँदनी भी बेवफ़ा है साथ उनके रौनकें थीं अब हँसी भी बेमज़ा है अब नहीं चढ़ता नशा भी हिज़्र में पीना सज़ा... Read more

रोज़ कुरेदा ज़ख़्मों को

रोज़ कुरेदा ज़ख़्मों को खूब बहाया अश्कों को जब तक मुझमें हिम्मत थी खूब निभाया रिश्तों को कि सराबोर हुये दर्द से छू बैठा ज... Read more

बिलखती भूख की किलकारियाँ हैं

बिलखती भूख की किलकारियाँ हैं यही इस दौर की सच्चाइयाँ हैं अहम मानव का इतना बढ़ गया है कि संकट में अनेकों जातियाँ हैं हिमाय... Read more

यूँ उजाला रास आया है

इश्क़ में दिल को जलाया है यूँ उजाला रास आया है खुद नहीं आया यहाँ पे मैं तेरा जादू खींच लाया है था यही दस्तूरे-महफ़िल भी ... Read more

दिल दुआओं से भरा पाया है

दर्दे-उल्फ़त का सिला पाया है दिल दुआओं से भरा पाया है चोट जो गहरी हुई है इश्क़ में खूब आशिक़ ने मज़ा पाया है नफ़रतों की बात कह... Read more

दिल मिरा आपका पुजारी है

दिल मिरा आपका पुजारी है पालकी फूलों से सँवारी है जिस घड़ी तुम जुदा हुये मुझसे एक लम्हा सदी पे भारी है ना यक़ीं हो तो आज़मा ... Read more

इश्क़ का मौसम सुहाना हो गया

प्यार में ये दिल दिवाना हो गया इश्क़ का मौसम सुहाना हो गया टूटकर दिल तक नहीं पहुँचा मिरे आपका खंज़र पुराना हो गया बाज़ आ... Read more

सूरमा ऐसा ना मिला कोई

सूरमा ऐसा ना मिला कोई वक़्त को बाँध ना सका कोई जो मिरा साथ छोड़ बैठे हैं उनसे मुझको है ना गिला कोई इश्क़ बरबाद कर गया जिनको... Read more

यार ऐसा है रूठता ही नहीं

यार ऐसा है रूठता ही नहीं साथ ऐसा है छूटता ही नहीं ऐ बुलन्दी तुझे सहूँ कैसे इक नशा है कि टूटता ही नहीं हुस्न की बात होती ह... Read more

दर्दे-उल्फ़त न अब लिया जाये

दर्दे-उल्फ़त न अब लिया जाये दिल का सौदा अगर किया जाये इश्क़ में वो मुकाम आया है दूर तुझसे न अब जिया जाये यादें काफ़ी हैं अब... Read more

वक़्त तिरे पहलू में ठहरे

काश कि दर्द, दवा बन जाये ग़म भी एक, नशा बन जाये वक़्त तिरे पहलू में ठहरे तेरी एक, अदा बन जाये तुझसे बेबाक हँसी लेकर इक म... Read more

भले आप को हम, न जाने बहुत

भले आप को हम, न जाने बहुत मगर आप की बात, माने बहुत भले आप ने मुड़ के, देखा नहीं मगर चाह पाने की, ठाने बहुत मुझे लूट लोगे, अ... Read more

चले ख़्वाब में तुझको, लाने बहुत

तड़प उट्ठे हैं तुझको, पाने बहुत चले ख़्वाब में तुझको, लाने बहुत भले उम्रभर को, सताया मुझे मुहब्बत की देवी हो, माने बहुत सुनो ... Read more

तुझे दाग़ दिल का, दिखाये बहुत

तुझे दाग़ दिल का, दिखाये बहुत मनाये न माने, मनाये बहुत बड़ी कोशिशें कीं, भुला दूँ तुझे भुलाये न भूले, भुलाये बहुत कभी फ़ोन ... Read more

मुहब्बत की इच्छा, जताने बहुत

मुहब्बत की इच्छा, जताने बहुत बड़े आये मुझको, मनाने बहुत कई साल रिश्ता, निभाया सनम मगर आप को हम, न जाने बहुत मुझे शाम होते,... Read more

हर ख़ुशी मेहरबान होने लगी

हर ख़ुशी मेहरबान होने लगी ज़िन्दगी दो जहान होने लगी हुस्न पे जब खुमार होता है वो घड़ी इम्तिहान होने लगी फ़िक्र, परवाह, उम्र ... Read more

बेवफ़ा से वफ़ा, अब नहीं चाहिए

दिलजले को दवा, अब नहीं चाहिए बेवफ़ा से वफ़ा, अब नहीं चाहिए आपने चाहा था, जिस अदा से मुझे आपकी वो अदा, अब नहीं चाहिए लाख ... Read more

यूँ सफ़र पूरा कहाँ होता है अब

यूँ सफ़र पूरा कहाँ होता है अब बीच में ही दिल कहीं रोता है अब हुस्न को फ़ुरसत कहाँ बेचैन हो चैन तो आशिक़ फ़क़त खोता है अब ... Read more

वफ़ाओं का अपनी हवन कर रहा हूँ

तुझे ऐ मुहब्बत! नमन कर रहा हूँ वफ़ाओं का अपनी हवन कर रहा हूँ ये उल्फ़त भला क्यों मुझे देती खुशियाँ फ़क़त ज़ुल्म पाए, सहन कर रहा हू... Read more

काहे की मधुशाला है जी

काहे की मधुशाला है जी ख़ाली दिल का प्याला है जी कहने को है कितना कुछ अब लेकिन लब पर ताला है जी भटकें, यूँ तो मयख़ानों में ... Read more

मन्थन-चिन्तन

जितना करते मन्थन-चिन्तन बढ़ती जाए मेरी उलझन यूँ तो पुष्प भरी है डाली सूना सूना लागे आँगन मान गए कष्टों में जीकर दुःख की परिभ... Read more

दिल थाम के

लो सुनो इक बात तुम दिल थाम के सब हैं आशिक़ ये तुम्हारे नाम के कौन बोलेगा मुझे कुछ भी यहाँ ले रहा हूँ आज बोसे जाम के हर दफ़... Read more

दिल मिरा भी तो ग़मगुसार नहीं

दिल मिरा भी तो ग़मगुसार नहीं क्या हुआ तू जो बेक़रार नहीं क्यों ख़ुशी या मलाल हो दिल को कोई शय भी तो उस्तवार नहीं हिज़्र की म... Read more

देवता वो

ज़हर पीकर जो पचाए देवता वो जो ग़मों में मुस्कुराए देवता वो वक़्त के तूफ़ान से डरना भला क्या दीप आँधी में जलाए देवता वो दौरे-... Read more

अश्क़ आँखों में तू छिपाये क्यों

अश्क़ आँखों में तू छिपाये क्यों आग सीने में यूँ दबाए क्यों जब तलक दुश्मनी ये ज़ाहिर हो तब तलक दोस्ती निभाए क्यों ये तो दस्... Read more

टूटकर खुद

टूटकर खुद बिखर रहा हूँ मैं हार से कब मुकर रहा हूँ मैं कर लिया खुद से ही जो समझौता लोग समझे कि डर रहा हूँ मैं मेरी ख़ामोशि... Read more

उल्फ़त पैग़ाम मिरा

उल्फ़त पैग़ाम मिरा है चाहत नाम मिरा दिल में है प्यार भरा दिल है गुलफ़ाम मिरा भर दो तुम आज इसे ख़ाली है जाम मिरा मैं हू... Read more

मेरे जी में जो आये करूँ

मेरे जी में जो आये करूँ पूछता क्यों किसी से रहूँ लाख प्यारी है ये ज़िन्दगी मौत लेकिन बड़ी, सच कहूँ दफ़्न होने का क्यों ग़म म... Read more

कितने ग़म

भूल गया, थे कितने ग़म दिल ने झेले इतने ग़म अपनों ही से पाए, तो ग़ैर कहाँ थे अपने ग़म इक-इक कर सब टूट गए जितने सपने, उतने ग़म ... Read more

चुप ओढ़ना

थी कहाँ आदत मिरी चुप ओढ़ना बन गई फ़ितरत मिरी चुप ओढ़ना क्यों किसी से कह न पाया हाले-दिल क्यों बनी चाहत मिरी चुप ओढ़ना वक़्त न... Read more

ज़िन्दगी मेहरबान है तो क्या

ज़िन्दगी मेहरबान है तो क्या मौत इक इम्तिहान है तो क्या भूल जा ज़ख़्म मेरे तू ऐ दोस्त! ये तिरा योगदान है तो क्या कह नहीं सकत... Read more