मैं कोई कवि नही और ना ही बनना चाहता हुँ
मुझे तो लिखने का शौक है कविता लिखता
हूँ सिर्फ गीत ग़ज़ल शेर भी लिखता हूँ

Copy link to share

दिखा दो सवेरा

हे ईश्वर ये किस जगह पर हूँ मैं मैं स्वयं को ही खोज नही पाता मद्धिम मद्धिम है ये सांसे अब तो स्वयं मैं कुछ भी सोच... Read more

वफ़ा लिपट कर थी रात भर रोई

कही गुम है शदा इसकी खबर क्या। जब हमारे हर दफा अब सबर क्या।। मका भी फुर्सत से लूटा गया था। लुट गया सब रखे भी तो नजर क... Read more

जन्मदिन

ये जन्मदिन है विस्तृत, कोई संकुचित नही, मन में जिसके कोई दुःख फिर भी दया व प्यार बिखेरता वो सर्वव्यापी उद्धारकर्ता हुआ था ... Read more

वक़्त मिले तो आ जाना वक़्त मिले तो आ जाना वक़्त मिले तो आ जाना

कैसी बेबसी है तेरे बिन रह तो रहा हु पर रह नही पता नींद तो आती है पर सो नही पता इस उंलझन को सुलझा जाना वक़्त मिले तो आ जाना एक... Read more

तू मुझको याद न करना

दूर चला जाऊँगा लौट के ना आऊँगा कोई आवाज ना करना तू मुझको याद ना करना तुझको ना बुलाऊँगा खुद भी ना आऊँगा कोई फरियाद ना करन... Read more

भूल

कप-कपाते हुए होठों की एक फरियाद जिसकी वजह से आज सन्नाटे से भरी बस्ती मै जो हम खड़े है अकेले वो भूल आज भी याद है लहज़ा जरा... Read more

अधूरी कविता

उसके कदमों पे गिर जाता इतना भी मै मज़बूर न था चाहता था बहुत उसे पर मेरे दिल को ये मंज़ूर ना था वफ़ा के बदले मिलती वफ़ा य... Read more

चार लाइनें

ढल गया दिन अब शाम हो गई है हसरते सब नाकाम हो गई है गुज़ार दी जिंदगी यूहीं हमने ख़ास थी जो अब आम हो गई है यादो की रुसवाई साथ ले... Read more

कोशिश

निश्चित ही वो समय आ गया है जब तुमको भुलाना पड़ेगा साथ ही हर कल्पना परिकल्पना को मिटाना पड़ेगा कुछ अभिलाषाएं भी मिटा जायेगी परन्त... Read more

चाँद

शांत टकटकी लगाये देखता है शायद मेरे हालात पर हँसता है ऐ मेरी खिडकी के चाँद सुनो पल भर ठहरो अपना कुछ हाल सुनाता हूं देखो मेरे इन... Read more

धड़कन

खुद की धड़कन नही सुन पाता हु अब सीने में धड़कता ही नही ह्रदय तो कही और है खुद को आइने के सामने रख कर उसको ढूढता हूँ अगले ही ... Read more

बेख़बर

नही बदलने वाला ये दृश्य मित्रा यदि तू यों घर पर ही बैठा रहेगा । लूट रहे है जिहादी इस देश को फिर भी तू यों ही बेखबर रहेगा ।। प्... Read more

प्रश्नोत्तर

प्रश्नोत्तर ( काल्पनिक ) उसी बूढ़े बरगद पर मेरा नाम पुनः लिख सकते हो? नही क्यों ? लिख नही पाओगे ? मिटा नही पाऊँगा अच्छा अब भी... Read more