Harsh Malviya

Bhopal

Joined December 2018

क्या कहु कौन हूं में ।
अंधरो में छुपा शोर हु में ।
जो दूसरों के बारे में सोचता है ।
वही बेफिकिरा अफलातून हु में ।

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पहली मुलाकात

आज के दिन एक खुबसूरत हसीना जिंदगी में आयीं। प्यारी सी मुस्कान के साथ शरमाई , गुलाबी लिबाज़ में नूर गजब का लायी । आज के दिन ए... Read more

पुरानी यादें

याद आती है वो यादे जिन्हें हम याद किया करते थे, कभी बाहो में कभी उनके सपनों में रीहा करते थे। बातो की इस कदर कीचड़ में फस गये है,... Read more

सवाल

शिकायतें खुद से कितनी है, ए दिल दीवाने मुझसे ना पूछ । उनसे कुछ ना कहा मैंने , ए खुदा मुझसे ना पूछ । के दिल मे सुईया सी चुभती ... Read more

नया साल

देखो चला गया एक और साल देके कुछ प्यारी सौगात , लेके दुखों की बौछार देखो चला गया एक और साल । यह साल होली पे नए गालों पर रंग ... Read more

कामयाबी

कामयाबी को चूमुगा एक दिन यह हौसला दिल में है , सभी हारो को जीत लूंगा यह भरोसा दिल में है। जुनूनियत कामयाबी की इस कदर बढ़ गई मुझ ... Read more

नक़ाब

चमक आंखों में है ,हंसी हर लम्हा है । जिन्हें हम भूल गए ,वह हर एक अपना है । कोहरा अब हट गया ,रोशन सब हो गया । नकाब के नकाब हटे ,... Read more