Harish Bhatt

Joined November 2018

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जब जड़ों में पनपता हो भेदभाव

जब विश्वविद्यालय अपने शैक्षणिक सत्र तक नियमित न कर पाते हों। सरकार विश्वविद्यालयों को सामान्य स्तरीय सुविधाएं तक देने में आनाकानी कर... Read more

घोष बाबू और मैं

पाषाण नहीं, हम भी हैं इंसान, हैं हमारे इरादे भी बुलंद। दिखा देंगे एक दिन दुनिया को, हम भी छू सकते हैं आसमां। मन दुःखी होता है, ट... Read more

दुलारी मां

पापा की जासूस, बच्चों की दुलारी मां, गलतियों पर पर्दा डालकर बच्चों की. कर्फ्यू लगवाती पापा से तो उलंघ्घन करवाती बच्चों से. जेब टट... Read more