hanuman meena

Joined January 2017

मैं हनुमान सहाय मीना सरकारी अध्यापक के तौर पर कार्यरत हूँ, लिखने का इतना अनुभव तो नहीं, पर अन्य लोगो को पढ़कर सीखने की कोशिश करता हूँ, और लिखने की कोशिश करता हूँ। मुझे बेटियों और आज नारी पर होते अत्याचारों पर लिखना पसन्द है।

Copy link to share

बेटा बेटी में भेदभाव ना कीजिये

बेटे को तुम लाड लड़ाते बेटी को क्यों दुत्कार रहे। बेटे ने क्या गुल खिलाया बेटी को क्यूँ नकार रहे।। बेटे को पब्लिक स्कूल बजे बे... Read more