कुलदीप दहिया "मरजाणा दीप"

सिवानी मंडी ( हरियाणा )

Joined November 2016

Introduction – “मेरे अल्फ़ाज मेरी पहचान होंगे
जहाँ भी लिखेंगे वहीं अमिट निशान होंगे,
कुछ ऐसा क़िरदार निभा जाएंगे
हर जुबाँ पे मरजाणा तेरे नाम होंगें !”
हरियाणा शिक्षा विभाग में शिक्षक के पद पर 2004 से कार्यरत हूँ
और बचपन से ही कविता,गीत, ग़ज़ल लिखने में विशेष रूप से रूचि है ! कस्तूरी कंचन ,पुष्पगंधा संकलित काव्य संग्रह एवम् हरियाणा शिक्षा विभाग की पत्रिका शिक्षा सारथी, दैनिक जागरण, हरियाणा टुडे, अमेरिका से प्रकाशित साप्ताहिक पत्रिका हम हिन्दुस्तानी ( यू.एस.ए ) में तथा अन्य कई समाचार- पत्रों में रचनायें प्रकाशित होती रहती हैँ !

Books:
संकलित काव्य संग्रह कस्तूरी कंचन ओर पुष्पगंधा

Awards:
हरियाणा शिक्षा विभाग नुहं ( मेवात ) द्वारा स्टार टीचर अवार्ड से सम्मानित !

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" यादों की धुंध "

सनम तुम्हारी यादों की धुंध दिन-प्रतिदिन गहन होती जा रही है, क्योकिं तुमने अपनी यादों के चिराग़ बूझा डाले हैं ! मग़र मै आज... Read more