पारस जी

NARMADAPURAM

Joined September 2019

मैं कोई कवि नहीं हूं, बस विचारों के प्रवाह को शब्दों में बांध लेता हूं,
सीधी सरल भाषा और कलम चला लेता हूं।।
MULTAPI BETUL M.P.
Education – MA MSW
Worked – Computer online services

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थम सा गया है "देश"

चारों ओर कोरोना ही कोरोना सड़क सुनी, चौराहा सुना। बाजार सुना,सिनेमा घर सुना। शहर सुना, गांव सुना। मोहल्ले का हॉट बाजार सुना, ... Read more

एक सैनिक की "अभिलाषा"

चाहत यही है मेरी,की कभी भी मैं कायर ना कह लाऊ। चाहे सर कट जाए मेरा, या वतन के लिए मर मिट जाऊं।। जब कोई हमे सेल्यूट कर जाता, ... Read more

"आबरू" हुई लाचार

बहुत हो रहा दुराचार, हैवानियत का हाहाकार । दुर्योधन दुशासन के हो अवतार, रावण से भी बढकर यार। कैसा जुल्म किया है, लज्जा हो गई ता... Read more

मेरी बिटिया "रानी"

हर दर्द गम पल में मिट जाए, जब मेरी प्यारी बिटिया पापा कहकर गले लगाए। उसकी हंसी से सारा घर आंगन, खिल खिल जाए। उसके नन्हे कदमों ... Read more

पावन करता "तीर्थ"

डुबकी लगी आस्था की, उमड़ पड़ा जनसैलाब। पूजा अर्चना प्रार्थना, कर भक्त ले रहे लाभ।। कार्तिक पूर्णिमा का दिन है, कर रहे सब नदी ... Read more

परिवार को संभाले रखते "बेटे"

कहते नहीं है, कुछ भी, पर सब कुछ सह जाते हैं। सब कहते हैं पढ़ाई होती है बेटियां, पर बेटों से आंसू नजर नहीं आते।। बचपन बीता आई... Read more

"बापू" तेरे देश मैं

बापू तेरे देश में बढ़ रहा है अनाचार दुराचार, हिंसा बापू तेरे देश में। आज जरूरत है बापू तुम्हारी, आ जाओ किसी भी भेष में।। ती... Read more

जल ही "जरूरत"

जल हीं "जरूरत" इससे ही तो धरा पावन है, इससे ही तो जीवन है। सहे जो संभालो बचाओ, क्योंकि जल ही तो जीवन।। जल नहीं तो कल नहीं, ... Read more

"मृत्युभोज"में कैसी मौज

मृत्यु भोज में कैसी मौज क्या होता उस परिवार का, जो देता मातम पर भोज। और क्या कहना उस इंसान का, जो खाकर करता मौज।। कैसे समय ... Read more

दूरभाष ने बढ़ाई "दूरियां"

दूरभाष ने बढ़ाई दूरियां जब से मोबाइल फोन , चलन में आया। राम राम जी भूल कर, हेलो हाय हो गया।। जेब में है कांटेक्ट लिस्ट, फि... Read more

"माँँ" ममतामयी

माँ सदा याद आती है मुझको, मधुर याद माता तेरी। ले गई मेरे जीवन की, मां सारी खुशियां मेरी।। रोज सवेरे मना करने पर, मीठा दूध... Read more

ऑनलाइन का "क्रेज़"

ऑनलाइन का क्रेज ऑनलाइन शॉपिंग का, कृऐज हो रहा बहुत तेज। घर बैठे सामान बुलाते, अब करते नहीं वेट।। ऐसा ही चलता रहा था तो, 1 ... Read more

आज का आम "आदमी"

आज का आम आदमी आम आदमी होना भी, आज आम बात नहीं। ना साथ सरकार का, योजनाओं का लाभ नहीं।। समस्याओं हां तो मानो, उसके चोली दामन... Read more

जन्मदिवस सरकार का

जन्मदिवस सरकार है मोदी जीकी, तो किस बात का डर। अजर अमर हो जाओ, निर्भीक हो सफर।। जन्म दिवस है आप का, बधाई दिल से देते हैं। आ... Read more

पितरों का तर्पण"

पितरों का तर्पण याद करते हो पितरों को, बहुत अच्छी बात है। अन्न जल से तर्पण करते हो, अच्छी बात है।। ख्याल रखते हो ऐसे ही, त... Read more

आस्था डूबी ताल मैं

आस्था डूबी ताल मैं कितनी माताओं का सहारा डूबा, गणेश विसर्जन के माहौल में। घर का दीपक बुझ गया, तालो के शहर भोपाल में।। है प्... Read more

किस्मत रुपयों की

किस्मत रुपयों की करते हो जिसकी पूजा, लक्ष्मी धन के देव रूप में। कहां कहां से गुजरता है वह, ठंडी बारिश और धूप में।। चलता रहत... Read more

क्या है जिंदगी ?

क्या है जिंदगी ? यदा कदा सदा एक व्यथा, है जिंदगी। जीवन सफर पर मोड पर सजा, है... Read more

प्रकृति का कहर

प्रकृति का कहर मूसलाधार बरस रहा पानी, झम झमा झम बरसा पानी I बादल बरसे, गरजे बादल, मच रही है,चहू और दलदल l आया पानी, ... Read more

गणपति जी हैं सबके प्यारे

गणपति जी हैं सबके प्यारे, शिव गौरा के राजदुलारे, मोदक उनको बहुत हैं भाते, बड़े प्यार और चाव से खाते, भोली और प्या... Read more