घनाक्षरी

घनाक्षरी- आरामतलबी

घनाक्षरी- आरामतलबी ■■■■■■■■■■■■■■■ एक ही दीया से कभी, सात लोग पढ़ते थे, अब सात जलेंगे तो एक पढ़ पायेगा। झलकर बेना कभी नींद खूब ल... Read more

घनाक्षरी- छाले पड़े पाँव में

घनाक्षरी- छाले पड़े पाँव में ~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~ रोटी की तलाश हेतु जाम में फँसे हैं आज, कभी दिन कटते थे पीपल की छाँव में। गं... Read more

आज की पीढ़ी

मीटिंगों के नाम पर, पीना जाम भर भर, सभ्यता इसे भी नई , पीढ़ी बतला रही खोल आज की किताब, आधुनिकता का पाठ,मधुशाला खुलेआम , सब को पढ़ा र... Read more

रूप घनाक्षरी

1 उमड़ उमड़ कर, गरज गरज कर,बादल ये काले काले , गा रहे विरह गीत कड़क कड़क कर, दामिनी भी करे शोर, लगता बिछड़ गया, इसका भी यहाँ मीत इनक... Read more

कृपाण घनाक्षरी

1 करते गलत काम, जो सुबह और शाम, करने यहाँ वो नाम, करें बड़े बड़े दान धन से बड़ा न बाप ,गरीबी यहाँ है पाप , हैं अमीर यदि आप, होती तभी ... Read more

घनाक्षरी छंद ~ फटेहाल बच्चे

घनाक्षरी छंद ~ फटेहाल बच्चे ★★★★★★★★★★★★★★ स्वयं पे ही सभी रहते हैं वशीभूत अब, कोई भी किसी की नहीं सुनता जहान में। भूख और प्या... Read more

सोच ( विचारधारा)

मानव के कर्म ही उसके विचारों की सर्वश्रेष्‍ठ आख्‍या है । जो चाहे वह मिल जाए तो यह सफलता है लेकिन जो मिले उसे चाहना ही प्रसन्‍न... Read more

मन ( विचार सागर )

मन के हारे हार है मन के जीते जीत अपने मन को खुश रखिए सदैव सफलता हासिल किजीए Read more

विचार मंथन

जो बीत गया, वह अवशेष हो गया, जो आएगा वह शेष है, परंतु जो आज है, अभी है, वही विशेष है Read more

होली स्पेशल घनाक्षरी का प्रयास:-

हो होली में इस बार कुछ ऐसा विशेष हुड़दँग । उड़े प्रेम की गुलाल मला जाए सद्भावना और शान्ति का एकसाथ अनेक रंग ।। हो होली बड़ी ... Read more

संस्कृति प्रवीर संभालें !

समर साध रहा समय है , सुविचारों संस्कारों का , वीरों के बलिदानों पर , निंदित हर विकारों का ; अपनी छाती पर अपनी संस्कृति नहीं लूटने ... Read more

डूबता_आतंकिस्तान

डूबता_आतंकिस्तान _______________ जहां सिसकती बचपन दम तोड़े , व्याभिचार के अड्डों में , जहां बच्चे झोंके जाते हों , आतंक के खड्ड... Read more

रावण दहन

#विधा - मनहरण घनाक्षरी """"""""'""""""""""""""""""""""""""""""""""" "रावण ** दहन" *... Read more

सरस्वती वंदना

🙏🙏🙏🙏 प्रार्थना 🙏🙏🙏🙏 *****†******************†***** वागीश वीणावादिनी, सदबुद्धि प्रदायिनी। चरणों में शरण दे, नमन स्वी... Read more

माँ शारदे की वंदना

🙏🙏🙏🙏 प्रार्थना 🙏🙏🙏🙏 *****†******************†***** वागीश वीणावादिनी, सदबुद्धि प्रदायिनी। चरणों में शरण दे, नमन स्वी... Read more

कुछ ऐसे ही

काले - काले कोट वाले सफेद - सफेद धोती कुर्ता वाले खादी की जैकेट , टोपी वाले कुछ ऐसे ही दिखते हैं राजनीति वाले झूठे - झूठे ... Read more

आहत है देश आज (घनाक्षरी)

आहत है देश आज (घनाक्षरी) ~~~~~~~~~~~~~~~~~ * एक * आहत है देश आज, खोए हैं धरा के लाल। मत बैठो मौन धार, शत्रु को मिटाइए। शा... Read more

डमरू घनाक्षरी

डमरू घनाक्षरी गरज गरज कर बरस चपल घन, तड़प उठत अब सकल जगत मन। पग पग पल पल लगत अगन यह बढ़त चलत अब जलत रहत मन। सन सन सन सन... Read more

जीवन संगिनी (मनहरण घनाक्षरी छंद)

👲👲👲 जीवन^संगिनी 🙍🙍🙍 ^^^^^^^^^*************^^^^^^^^^^ मम जीवन संगिनी, कलत्र अंग अंगनी। खुशियों के संग प्रिय, अंग में विरा... Read more

मनहरण घनाक्षरी

#मनहरण_घणाक्षरी छंद प्रथम प्रयास आसमां में काले घन, उमड़ चले हैं तन दामिनी के संग मिल, नगाड़े बजात हैं। मेघ देख विरहन, व्याकु... Read more

नेताजी सुभाष चन्द्र बोष की जयंती पर....

तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा, जोश भरे ऐसे उदघोष को प्रणाम है। दिल में भवानी और खून में जवानी दिखे, वतनपरस्ती वाले जोश क... Read more

रस ज्ञान (घनाक्षरी)

प्रेमी-प्रेमिका के बीच, योग या वियोग हो तो, वहां श्रृंगार रस की, अनुभूति होती है। हो हँसी-विनोद और, हास-परिहास दिखे, हास्य रस ज... Read more

राष्ट्रीय युवा दिवस

राष्ट्रीय युवा दिवस, बारह जनवरी आज, जागो सब युवा आओ, मनाओ आनंद जी। जन्म हुआ इस दिन, देश के सपूत का जो, जिन्हें जानते हैं सब, श्... Read more

विश्व हिन्दी दिवस की, खुशियाँ मनाइये

1.दस जनवरी आज, हमे हिन्दी पे है नाज, विश्व हिन्दी दिवस की, खुशियाँ मनाइए। 2.हिन्दी बोलें हिन्दी लिखें, हिन्दुस्तानी हिन्दी दिखें... Read more

मनहरण घनाक्षरी

जन्नत ये जिन्दगी है मोहब्बत बंदगी है प्यार में रवानगी है आप जब से मिले। फूल दामन में दिए कांटे ख़ुद झेल लिए बाग़ तूने पै... Read more

जवान औ किसान

जवान औ किसान 💐💐💐💐💐💐💐💐 हिन्द के जवान तुम,वीर हो महान तुम। रक्षण में जान तक,आप ही लुटाते हो।। दुश्मन को मार कर,रीपु का संघार कर। ... Read more

मात्र त्योहारों की औपचारिकता

तयौहार मनाने की रह गई है केवल औपचारिकता,समाप्त हो रही है इंसानों के दिलों से आत्मीयता है इंसान औपचााारिकता निभाते हुए असली नाते म... Read more

रावण दहन

#विधा - मनहरण घनाक्षरी """"""""'""""""""""""""""""""""""""""""""""" "रावण ** दहन" *... Read more

बड़ी ज्ञानी जात

"न हिन्दू बड़ा न ही मुल्ला बड़ी ज्ञानी जात है, धर्म के आडे छिपके करते उत्पात ये"| Read more

चीर के बनाए राह

चीर के बनाये राह, पत्थरों के सीने पे जो। दिल में सदा उनकी, याद पलती रहे।। एक साथ चल पड़े, कारवां के कारवां तो। कितनी भी मुश्किलें... Read more

भूल ये तुम्हारी

कुण्ठा में गुजार दिया, तुमने सफ़र कहीं। भूल ये तुम्हारी कहीं, तुम्हें सालती रहे।। मन की निराशा तेरे, मन में रहे जो कहीं। रासते मे... Read more

सरस्वती वंदना

वीणा वादिनी ओ माता, हंस वाहिनी ओ माता। चार वेद धारिणी मां, ज्ञान का प्रकाश दे।। है घना अंधेरा घेरे, दूर हो गये सबेरे। मुझको उजालो... Read more

सरस्वती वंदना

मात शारदे सुनो जी, दृग खोल देख लो जी। द्वार पे खड़ा हूं मात, तनिक तो ध्यान दे।। ज्ञान चक्षु खोल माता, तम सारे हर माता। मेरी मुश्क... Read more

हिन्दी

बढी खूब साख ताज हिंद का है हिंदी आज, भाषा पर नाज मनमीत होना चाहिए। छाई हर देश मन भाई नर नेक अब, बने देश भाषा ये प्रयास होना चाहिए... Read more

कुप्रभाव

- "मन का छंद मनहरण" दिनांक - 09.09.2018 दिन - रविवार 🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌞 छंद -१ जात धर्म भेद भाव, नित्य दे रहे है घाव। इनका बूर... Read more

कृष्ण भजन

१)कृष्णा संग बसे राधा बिन श्याम सब आधा मन बसे रूप सादा ये ही सच्ची प्रीत है। २)श्याम जब से मिले हो कष्ट सारे ही हरे हो बजे म... Read more

घनाक्षरी

मनहरण घनाक्षरी छंद विधान- कुल 31 मात्राएँ। 16, 15 पर यति। अंत में लघु गुरु। ******************************* "जननी जन्मभूमिश्च... Read more

मेंहदी

विषय -मेंहदी विधा -धनाक्षरी कर सोलह श्रंगार वधू चली ससुराल लगती आज गजब मेंहदी सजी हाथों में। पिता का प्रेम इस मे पति का... Read more

दरिद्र ही नारायण

विधा--- घनाक्षरी 🔯🔯🔯🔯🔯🔯🔯🔯 दरिद्र ही नारायण *******†*†****** दूध दधी हाथ लिए, फल का प्रसाद लिए। गंगा जल। ढार क... Read more

मनहरण घनाक्षरी छंद

सुनो सारनाथ में जो दिए गए उपदेश,उनको ही अब हमें अपनाना चाहिए। बौद्ध धर्म के त्रिरत्न बुद्ध धम्म और संघ,पर पूरे भारत का ध्यान जाना... Read more

कुण्ड‌‌‌‌‌‌‌‌लियाँ

कद काठी में वे बड़े, ऊपर से धनवान । धनवानों का खासकर, अफसर रखते ध्यान ॥ अफसर रखते ध्यान, कहें जो वे करते हैं । नीरव जैसे संत, इन्ह... Read more

कलयुग के कन्हैया

सुख छीन रहे दुख बीन वजा वनके मनमोहन ये कलि वाले । अपने पन को पनपात नही ,मतभेद बढ़ात सभी दल वाले ।। कब राम रहीम चहें लरवो ,पर द्वँद ... Read more

मनहरण घनाक्षरी

निग़ाह राह टारता , रहा वक़्त गुजारता । हँस सँग दुनियाँ के , दर्द मैं बिसारता । जी कर खुशियों को भी , खुशी रहा निहारता । मैं... Read more

मनहरण घनाक्षरी

ये बदल सावन के , पिया मन भावन से । रिम झिम बरसत , रस प्रियतम से । ज्यों प्रणय निवेदन , साजत है साजन से , थिरकन होंठो... Read more

हाइकु

"नरेंद्र मोदी" ********** (1)प्रधानमंत्री जन सेवक सत्ता देश हित में। (2)कूटनीतिज्ञ जन भाग्य विधाता कर्मठ ज्ञाता। (3)दृढ़... Read more

हाइकु

" कृषक " ******* (1)गर्म तपन उगलता सूरज कृषि सुखाई। (2)बिन पानी के आग लगी खेतों में कृषक रोए। (3)कृषक छाले सुलग राख ह... Read more

हाइकु

"दोस्ती"(हाइकु) ******* (1)दोस्ती का पता "सुख-दु:ख"निवास मैत्री नगर। (2)नेह की डोर विश्वास संग बाँधी दोस्ती चरखी। (3)हाथ... Read more

--जल ही जीवन है--कविता

मनहरण कवित्त"जल ही जीवन है" ------------------------------------------- मिलके जल बचाएँ,आओ रे कल बचाएँ, संकल्प हम उठाएँ,जल बहाना न... Read more

--कब तक तक यूँ ही घर देखेंगे उजड़ते--

कवित्त मनहरण--"कब तक" ----------------------------------- जब दो फूल खिलते,अच्छे ही दोनों लगते, जब दो हाथ मिलते,शोभा दोनों बनते। ... Read more

--कोशिशें नाक़ाम न हों--मनहरण कवित्त छंद

मनहरण कवित्त--"कोशिशें नाक़ाम न हों" --------------------------------------------------- समय अनमोल है,व्यर्थ गँवाना नहीं है, हार स... Read more