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हे पवन पुत्र

लक्ष्मी सिंह

लक्ष्मी सिंह

कविता

April 3, 2017

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हे पवन पुत्र तुम तो हो,
शिव शंकर के अवतारी।

हे अंजनी लाल जग में,
तेरी महिमा न्यारी।

बजरंगी है नाम तुम्हारा,
श्री राम के आज्ञाकारी।

लाल-लाल है रूप तुम्हारा,
लाल लंगोटी धारी।

एक हाथ में गदा विराजे,
दूजे में पर्वत भारी।

तेरी भक्ती और शक्ति को,
जाने दुनिया सारी।
????? —लक्ष्मी सिंह?☺

Author
लक्ष्मी सिंह
MA B Ed (sanskrit) My published book is 'ehsason ka samundar' from 24by7 and is a available on major sites like Flipkart, Amazon,24by7 publishing site. Please visit my blog lakshmisingh.blogspot.com( Darpan) This is my collection of poems and stories. Thank... Read more
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