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हम सभी के लिए नहीं, सपने सजाते है ….

Awneesh kumar

Awneesh kumar

कविता

March 20, 2017

हम सभी के लिए नहीं ,
सपने सजाते है ।
हम सभी को नहीं ,
दिल में बसाते है ,।
तुम्हारे जैसा ,
मन नहीं है मेरा।
मोहब्बत जादा ,
इसी लिए तुमको आजमाते है ।।(अवनीश कुमार)

Author
Awneesh kumar
नमस्कार अवनीश कुमार www.awneeshkumar.ga www.facebook.com/awneesh kumar
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