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सेहरा — शेरो शायरी

डी. के. निवातिया

डी. के. निवातिया

शेर

March 16, 2017

लो सज गए वो फिर से पहनकर सेहरा भी,
अरे कोई तो जाकर उन्हें हमारी याद दिलाये !
हम ख़ाक में मिल गए उनके एक इशारे पर
और वो है के कब्र पे हमारी फिर सेज सजाये !!
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डी के निवातिया

Author
डी. के. निवातिया
नाम: डी. के. निवातिया पिता का नाम : श्री जयप्रकाश जन्म स्थान : मेरठ , उत्तर प्रदेश (भारत) शिक्षा: एम. ए., बी.एड. रूचि :- लेखन एव पाठन कार्य समस्त कवियों, लेखको एवं पाठको के द्वारा प्राप्त टिप्पणी एव सुझावों का... Read more
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