Jun 18, 2016 · कविता
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विद्या

विद्या है एक उज्जवल तारा,
विद्या है सबका सहारा,
विद्या से जन जागृति पाता,
विद्या से मानव कहलाता,

उसको चोर चुरा नहीं सकता,
उसको समीर बहा नहीं सकता,
उसको अाग जला नहीं सकती,
उसको बर्फ गला नहीं सकती,

ज्ञान विवेक को देती विद्या,
जीवन का सुख देती विद्या,
सरस्वती का खज़ाना विद्या,
विद्वानों का अभूषण विद्या,

विद्या से नर शांति पाता,
विद्या से नर महानता पाता,
विद्या से वह शक्ति पाता,
विद्या है सबका अाधार|

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Dr. Chitra Gupta
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Associate Professor, Sangeet Department, Agra College, Agra View full profile
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