.
Skip to content

वर्तमान शिक्षा प्रणाली और बच्चे

Neeru Mohan

Neeru Mohan

हाइकु

October 13, 2017

* नैतिक मूल्य
रह गए है कम
शिक्षा का अंत

* भावी पीढ़ी है
अंधकार में लुप्त
शिक्षा त्रुटिपूर्ण

* छात्र हुए है
अनुशासन हीन
शिक्षक मूढ़

* भेड़चाल है
देश बदहाल है
शिक्षा कहाँ है

* सुप्त शासन
अपना राज-काज
स्कूल आबाद

* गूढ़ निर्बल
मूढ़ है सिरमौर
शिक्षा बेमोल

Author
Neeru Mohan
व्यवस्थापक- अस्तित्व जन्मतिथि- १-०८-१९७३ शिक्षा - एम ए - हिंदी एम ए - राजनीति शास्त्र बी एड - हिंदी , सामाजिक विज्ञान एम फिल - हिंदी साहित्य कार्य - शिक्षिका , लेखिका friends you can read my all poems on... Read more
Recommended Posts
शिक्षा
शिक्षा शिक्षा से बुद्धि का विकास होता है, शिक्षा से ज्ञान का विस्तार होता है, शिक्षा के द्वारा ही ये सब काम होता है शिक्षा... Read more
शिक्षा जीवन गीत है
शिक्षा ही नित ग्यान दायनी,शिक्षा जीवन गीत है शिक्षा जन कल्याण की देवी,शिक्षा ही तो मीत है शिक्षा का कोई मोल नही है,न शिक्षा की... Read more
शिक्षा
चैन से कैसे सोऊँ मैं, मुझे शिक्षा की अलख जगानी है, मेरे देश में जड़ जमा चुकी हर बुराई दूर मैंने भगानी है। शिक्षा से... Read more
अभिभावक की गहन परीक्षा , इंटरव्यू फिर प्रवेश- समीक्षा / शिक्षा सिमट गयी बस्ते में , कहाँ मिल रही अब सस्ते में / सरकारी शिक्षा... Read more