Jul 31, 2016 · कविता
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मुझे इतिहास लिखना है

चलते-चलते

तेरे और मेरे हुनर में फर्क बहुत है ऐ मेरे
दोस्त,
तुझे इतिहास पढ़ना है और मुझे इतिहास लिखना है।
कवि अभिषेक पाण्डेय

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