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मुक्तक

MITHILESH RAI

MITHILESH RAI

मुक्तक

September 21, 2017

तेरी चाहत मेरी आदत सी बन गयी है!
मेरी जिन्दगी की अमानत सी बन गयी है!
पलकों में चलते रहते हैं यादों के कदम,
मेरी बंदगी की इबारत सी बन गयी है!

मुक्तककार- #मिथिलेश_राय

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Author
MITHILESH RAI
#महादेव
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