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मुक्तक

MITHILESH RAI

MITHILESH RAI

मुक्तक

April 17, 2017

मैं जिन्दगी को तन्हा बिताता रहता हूँ!
मैं दर्द को पलकों में छिपाता रहता हूँ!
चारों तरफ हैं आन्धियाँ हालात की मगर,
तेरी शमा चाहत की जलाता रहता हूँ!

मुक्तककार-#महादेव’

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Author
MITHILESH RAI
#महादेव

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