मुक्तक · Reading time: 1 minute

काव्य कल्पतरु

शब्दों के जंगल में काव्य कल्पतरु की छाँव है
काव्य रस पिपासा पूर्ण करने की यह ठाँव है
यहां दुआ, प्रेरणा,उमंग, ज्ञान का है घट भरा
लेखन का जनून जहां, चिंतन मनन का गांव है।

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