बचपन एक फुलवारी

बचपन एक महकती फुलवारी है
जहाँ गम ना कोई जिम्मेदारी है
खुशियों का खजाना जीवन के जिस हिस्से में
वो बचपन ही था हर्षित होते जहाँ हर किस्से में

जीवन बगिया की सुन्दर क्यारी है बचपन
जहाँ रुसवाई थी ना कोई अनबन
खुशियों का उमड़ता जहाँ सैलाब था
ख़्वाहिशों को भी अम्बर छूना था

रंग बिरंगे रंगों से भरा इंद्रधनुष सा बचपन
जहाँ मुक्त गगन के पँछी से विचरण करते सब
अन्धकार में दीपक ज्यों रोशन करता जग
जीवन की निराशा में आशा भरता बचपन

बचपन एक महकती फुलवारी है
जहाँ गम ना कोई जिम्मेदारी है

Like 2 Comment 1
Views 63

You must be logged in to post comments.

Login Create Account

Loading comments
Copy link to share