.
Skip to content

टपकेगी जब आरजू

RAMESH SHARMA

RAMESH SHARMA

दोहे

March 6, 2017

टपकेगी जब आरजू, नैनो से बन बूंद !
लेना ही तब ठीक है,आँखे अपनी मूंद !!

जीना सीखा भी नही,हमने अभी रमेश !
मरने का देने लगे, वो हमको उपदेश !!

सच्चाई होती नही,…दरिया को स्वीकार !
मैने उसको कर लिया,सही सलामत पार !!
रमेश शर्मा.

Author
RAMESH SHARMA
अपने जीवन काल में, करो काम ये नेक ! जन्मदिवस पर स्वयं के,वृक्ष लगाओ एक !! रमेश शर्मा
Recommended Posts
इज्जत की गऱ हो आरजू
बुलन्दी की गऱ हो आरजू तो मेहनत करना सीखिये बन्दगी की ग़र हो आरजू तो इबादत करना सीखिये *************************************** नही गऱ जुबां काबू में तो... Read more
सत्ता से होता नही (दोहे)
सत्ता से होता नही,कोई बडा रमेश! ड्रामा यू पी का यही,देता है संदेश!! राजनीति का देश में, नहीं रहा अस्तित्व! नेता समझे देश पर, अपना... Read more
*यू ही नही किया करते*
*यू ही नही किया करते* यू ही बस बेबजह इल्जाम नही लगाया करते,,, बफादार को बेबफा कहकर नही बुलाया करते,,, हक्कीकत से जब रूबरू ही... Read more
रुतबा मेरे यार का (दोहे)
रुतबा मेरे यार का,...जैसे फूल पलास़ ! गर्दिश मे भी जो कभी,होता नही उदास !! दिल पर तुमको छोडकर, लिखा किसी का नाम ! जीवन... Read more