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ग़मों की दुनियाा तलाश लोगे बुरा करोगे

Salib Chandiyanvi

Salib Chandiyanvi

गज़ल/गीतिका

September 20, 2016

ग़मों की दुनिया तलाश लोगे बुरा करोगे
सभी से ख़ुद को जुदा करोगे बुरा करोगे

बुरा करोगे जो चुप रहोगे ..दुखों पे अपने
किसी से मेरे सिवा कहोगे….. बुरा करोगे

ग़ज़ब करोगे मसल के फूलों को ऐडियों से
कि खुश्बुओं से………… गिला करोगे बुरा

गुरूब होने की ठान ली है जो दिल में तुमने
तुलूअ होने से भी ………..डरोगे बुरा करोगे

अगर मिलोगे किसी से सालिब सिवा हमारे
यक़ीन जानो बुरा करोगे ……….बुरा करोगे

Author
Salib Chandiyanvi
मेरा नाम मुहम्मद आरिफ़ ख़ां हैं मैं जिला बुलन्दशहर के ग्राम चन्दियाना का रहने वाला हूं जाॅब के सिलसिले में भटकता हुआ हापुड आ गया और यहीं का होकर रह गया! सही सही याद नहीं पर 18/20की आयु से शायरी... Read more
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