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ग़ज़ल

OMPRAKASH YATI

OMPRAKASH YATI

गज़ल/गीतिका

June 26, 2016

उड़ता है साथ लेकर अरमान किसानों का
बादल नहीं है ये है भगवान किसानों का

हिन्दू ने जलाया तो, मुस्लिम ने जलाया तो
हर बार ही जलता है खलिहान किसानों का

बारिश नहीं हुई तो,बारिश अधिक हुई तो
हर हाल में होता है नुक़सान किसानों का

लॉकर में नहीं रक्खा,बंकर में नहीं रक्खा
आकाश के नीचे है सामान किसानों का

यह देश किसानों का,कहते हैं सभी लेकिन
इस देश में कब होगा सम्मान किसानों का

Author
OMPRAKASH YATI
मुख्यत: ग़ज़लें लिखता हूँ..
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