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गये विरोधी काँप

RAMESH SHARMA

RAMESH SHARMA

दोहे

August 3, 2017

मंजर देख बिहार का,गये विरोधी काँप !
छाती पर ऐसे लगा,.लोट गया हो साँप !!

मिले दवाई दंश की,सहज सर्प की आज!
काटे का इंसान के , लेकिन नही इलाज !

मुझसे भी ज्यादा जहर,उगल रहा इंसान!
यही सोचकर हो रहा, विषधर भी हैरान !!
रमेॆश शर्मा.

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RAMESH SHARMA
अपने जीवन काल में, करो काम ये नेक ! जन्मदिवस पर स्वयं के,वृक्ष लगाओ एक !! रमेश शर्मा
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