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कफ़न

Kokila Agarwal

Kokila Agarwal

कविता

February 9, 2017

मुस्कुरा
जब जब बढ़ाया
इक कदम
तूफ़ान नज़रों
में समाया
दम- ब- दम
घेरकर सारी
दिशाओं से मुझे
वक्त ने
नज़रे चुराईं
फिर दमन
मेरा पिंजर
आज भी
चुपचाप है
देर कितनी
कब ये
ओढ़ेगा कफ़न……

Author
Kokila Agarwal
House wife, M. A , B. Ed., Fond of Reading & Writing
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