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आओ तो सही…

manisha joban desai

manisha joban desai

गज़ल/गीतिका

December 21, 2016

नज़रमें तुम्हें बसा लेंगे यूॅ आओ तो सही,
दिल के कमरे में हमें छूपाओ तो सही।

छा रही है चुपकी सी इन हवाओ में कहीं,
बात प्यारी सी कभी आकर सुनाओ तो सही।

वो पल कहीं रुक से ही तो गये है राहमें,
आप पलको में छूॅपाकर फिर लाओ तो सही।

आसमाँ पर तूटकर भी मिलते तारे कहीं,
बिखरी सी ये किस्मते आजमाओ तो सही।

जी रहे है आपकी यादें संभाले दिलमें,
और ये बातें तुम समज जाओ तो सही।

-मनिषा जोबन देसाई

-मनिषा जोबन देसाई

Author
manisha joban desai
Architect-interior designer from surat -gujarat-india writng story -gazals-haiku in gujarati and hindi
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