अकल ठिकाने आ गई बेटाराम

सात दिनों से घर में बंद हैं मिस्टर भोंदूराम
घर से बाहर निकलें कैसे बंद हुए सब काम
ध्यान से ये सब देख रहा था मिट्ठू तोताराम
देखा कैसी होती है बंदी की सुबह और शाम
सात साल से बंद रखा मुझे ,उड़ना हुआ हराम
सात दिनों में अकल ठिकाने आ गई बेटा राम ।

अशोक सोनी
भिलाई ।

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